Farmer Registry को लेकर जिलाधिकारी ने किसानों को जरूरी निर्देश दिए हैं। निरीक्षण के दौरान उन्होंने कहा कि सभी पात्र किसानों की फार्मर रजिस्ट्री समय पर पूरी कराई जाए। इसके लिए किसानों को आवश्यक दस्तावेज और जानकारी उपलब्ध करानी होगी।
फार्मर रजिस्ट्री में किसान का आधार नंबर, खेत का गाटा नंबर, खसरा नंबर और मोबाइल नंबर सहित जरूरी जानकारी दर्ज की जाएगी। सभी विवरण पूरे होने के बाद संबंधित किसान को एक यूनिक नंबर जारी किया जाएगा।
Farmer Registry पूरी होने पर बनेगा किसान कार्ड
जिलाधिकारी ने बताया कि Farmer Registry का काम पूरा होने के बाद किसानों के लिए किसान कार्ड बनाया जाएगा। इस कार्ड के जरिए किसान से संबंधित जानकारी आसानी से उपलब्ध हो सकेगी।
इसके अलावा पीएम किसान सम्मान निधि सहित विभिन्न सरकारी योजनाओं का लाभ पात्र किसानों तक पहुंचाने में भी यह व्यवस्था उपयोगी होगी। इसलिए किसानों को सलाह दी गई है कि वे अपनी जानकारी और दस्तावेज सही तरीके से दर्ज कराएं।
पंजीकरण के समय जानकारी रखें सही
किसानों को आधार और भूमि रिकॉर्ड में दर्ज जानकारी की जांच भी करनी चाहिए। मोबाइल नंबर सक्रिय होना चाहिए। यदि दस्तावेजों में किसी तरह की गलती है तो संबंधित विभाग से संपर्क करके उसे ठीक कराया जा सकता है।
इस दौरान जिलाधिकारी ने प्राथमिक विद्यालय बशीरपुर का निरीक्षण भी किया।
उन्होंने विद्यालय तक पहुंचने वाले रास्ते को ठीक कराने के निर्देश दिए।
साथ ही बच्चों की उपस्थिति बढ़ाने और शिक्षा व्यवस्था को बेहतर बनाने पर जोर दिया।
Farmer Registry क्यों जरूरी है?
Farmer Registry किसानों की पहचान और
भूमि से जुड़ी जानकारी को व्यवस्थित करने में मदद करती है।
इससे पात्र लाभार्थियों तक सरकारी योजनाओं का
लाभ पहुंचाने की प्रक्रिया आसान हो सकती है।
FAQ
Farmer Registry के लिए क्या जानकारी चाहिए?
आधार नंबर, मोबाइल नंबर और भूमि से संबंधित गाटा या खसरा नंबर जैसी जानकारी की आवश्यकता पड़ सकती है।
Farmer Registry पूरी होने के बाद क्या मिलेगा?
रजिस्ट्री पूरी होने के बाद किसान को यूनिक नंबर जारी किया जा सकता है और आगे किसान कार्ड बनाया जाएगा।

