अपना शहर चुनेभारत

गांवों में ग्रीन चौपाल का गठन करेगी योगी सरकार

हर गांव में बनेगी “ग्रीन चौपाल”, हरियाली को जन आंदोलन बनाने की तैयारी

उत्तर प्रदेश सरकार ने वर्ष 2030 तक राज्य में हरित आवरण को 15 प्रतिशत तक पहुँचाने का लक्ष्य तय किया है। इस उद्देश्य की प्राप्ति के लिए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने हाल ही में निर्देश दिए कि वृक्षारोपण को जनांदोलन का रूप दिया जाए। इसी क्रम में वन विभाग गांवों में “ग्रीन चौपाल” की स्थापना करेगा, जिससे पर्यावरण संरक्षण में आमजन की भागीदारी सुनिश्चित की जा सके।

हर गांव में बनेगी ग्रीन चौपाल, प्रधान होंगे अध्यक्ष

प्रत्येक ग्रामसभा में ग्रीन चौपाल का गठन विभिन्न विभागों के सहयोग से किया जाएगा। इसमें ग्राम प्रधान अध्यक्ष होंगे, जबकि ग्राम विकास अधिकारी संयोजक और सेक्शन/बीट अधिकारी सदस्य सचिव के रूप में कार्य करेंगे। इसके साथ ही ग्राम पंचायत सदस्य, महिला स्वयं सहायता समूह की प्रतिनिधि, स्कूल के प्रधानाध्यापक, आंगनबाड़ी सहायिका, प्रगतिशील किसान, पर्यावरणविद् या स्थानीय NGO प्रतिनिधि तथा जैव विविधता समिति के सदस्य भी शामिल होंगे।

पर्यावरण संरक्षण योजनाओं में भागीदारी

ग्रीन चौपाल का मुख्य उद्देश्य ग्राम स्तर पर हरित गतिविधियों की योजना बनाना और उन्हें क्रियान्वित करना है। इसके तहत खाली पड़ी भूमि पर पौधारोपण किया जाएगा और उनकी देखरेख भी सुनिश्चित की जाएगी। ग्राम चौपाल द्वारा मिशन लाइफ, वन्यजीव संरक्षण, जलवायु परिवर्तन, जैव विविधता और वैकल्पिक ऊर्जा जैसे विषयों पर भी जनजागरूकता अभियान चलाए जाएंगे।

ग्राम हरित निधि की स्थापना

प्रत्येक ग्राम में “ग्राम हरित निधि” की स्थापना की जाएगी, जिसका उपयोग पौधारोपण और पर्यावरणीय कार्यों में किया जाएगा। साथ ही मानव-वन्यजीव संघर्ष को नियंत्रित करने के लिए जागरूकता और प्रचार-प्रसार पर भी ध्यान दिया जाएगा।

हर महीने होगी अनिवार्य बैठक

ग्रीन चौपाल की हर महीने कम से कम एक बैठक अनिवार्य रूप से आयोजित की जाएगी, जिसमें पर्यावरण से जुड़ी सरकारी योजनाओं की समीक्षा, प्रचार और क्रियान्वयन पर चर्चा की जाएगी।

Spread the love

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *