इजरायल ने लेबनान में हिज्बुल्लाह के ठिकानों पर एक व्यापक हवाई हमला करते हुए बड़े पैमाने पर एयरस्ट्राइक की। इस ऑपरेशन में इजरायल ने 100 से अधिक लड़ाकू विमानों का इस्तेमाल किया, जो हिज्बुल्लाह के 120 से ज्यादा महत्वपूर्ण ठिकानों को निशाना बना रहे थे। इन हवाई हमलों का उद्देश्य हिज्बुल्लाह की सैन्य क्षमता को कमजोर करना और उसकी सीमा पार से की जा रही गतिविधियों को रोकना है।

एयरस्ट्राइक की व्यापकता
इजरायल की यह एयरस्ट्राइक लेबनान के दक्षिणी क्षेत्रों में की गई, जहां हिज्बुल्लाह के ठिकाने बड़ी संख्या में स्थित हैं। इजरायल ने दावा किया है कि इस ऑपरेशन में हिज्बुल्लाह के मुख्य ठिकानों, हथियारों के डिपो, सुरंगों और कमांड सेंटरों को निशाना बनाया गया है। यह हमला उस समय हुआ जब इजरायल और हिज्बुल्लाह के बीच तनाव बढ़ता जा रहा था, और हिज्बुल्लाह की ओर से इजरायल की सीमाओं पर लगातार हमले हो रहे थे।

इजरायल के रक्षा मंत्रालय के अनुसार, इन हवाई हमलों का मकसद हिज्बुल्लाह की आक्रामक गतिविधियों को रोकना और भविष्य में संभावित खतरों को कम करना है। इजरायल के लड़ाकू विमानों ने लगभग चार घंटे तक हिज्बुल्लाह के विभिन्न ठिकानों पर बमबारी की, जिससे भारी नुकसान हुआ।

ऑपरेशन की योजना और लक्ष्य
इजरायली सेना ने इस ऑपरेशन को बड़े पैमाने पर और योजनाबद्ध तरीके से अंजाम दिया। इस एयरस्ट्राइक के दौरान कुल 100 से अधिक एयरक्राफ्ट का इस्तेमाल किया गया, जिन्होंने 120 से अधिक लक्ष्यों को निशाना बनाया। इजरायली सेना के अनुसार, इन लक्ष्यों में हिज्बुल्लाह के रॉकेट लॉन्चर, मिसाइल ठिकाने, और भूमिगत सुरंगें शामिल थीं, जिनका इस्तेमाल इजरायल के खिलाफ हमले करने के लिए किया जा रहा था।

हिज्बुल्लाह की प्रतिक्रिया
हिज्बुल्लाह ने इजरायल के इस हमले की निंदा की और कहा कि वे इस आक्रमण का कड़ा जवाब देंगे। हिज्बुल्लाह के प्रवक्ता ने बयान जारी कर कहा कि इजरायल की यह कार्रवाई न केवल क्षेत्रीय शांति के लिए खतरा है, बल्कि यह हिज्बुल्लाह को कमजोर करने का एक असफल प्रयास है। उन्होंने यह भी दावा किया कि इजरायल के इन हमलों के बावजूद हिज्बुल्लाह की सैन्य क्षमताएं मजबूत बनी रहेंगी और वे इजरायल के खिलाफ अपने संघर्ष को जारी रखेंगे।

क्षेत्रीय तनाव में वृद्धि
इस हवाई हमले के बाद इजरायल और लेबनान के बीच तनाव और भी बढ़ गया है। इजरायल और हिज्बुल्लाह के बीच लंबे समय से दुश्मनी चली आ रही है, और इस ताजा हमले ने इसे और अधिक भड़का दिया है। इजरायल और हिज्बुल्लाह के बीच हाल के वर्षों में कई बार संघर्ष हुआ है, और इस बार भी स्थिति गंभीर होती दिख रही है।

इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने इस ऑपरेशन का समर्थन किया है और कहा कि इजरायल अपनी सुरक्षा से कोई समझौता नहीं करेगा। उन्होंने कहा, “हम अपने नागरिकों की सुरक्षा के लिए हर जरूरी कदम उठाएंगे। हिज्बुल्लाह और अन्य आतंकी संगठनों को यह समझ लेना चाहिए कि इजरायल किसी भी खतरे का मुंहतोड़ जवाब देने के लिए तैयार है।”

लेबनान की स्थिति
लेबनान की सरकार ने इस हमले की कड़ी निंदा की है और इसे अंतरराष्ट्रीय कानूनों का उल्लंघन बताया है। लेबनान के प्रधानमंत्री ने कहा कि इजरायल का यह हमला उनकी संप्रभुता पर सीधा हमला है और उन्होंने संयुक्त राष्ट्र से इस मामले में हस्तक्षेप करने की मांग की है।

लेबनान ने इस हवाई हमले के बाद संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद से भी अपील की है कि इजरायल की इस आक्रामकता पर तत्काल ध्यान दिया जाए और क्षेत्रीय शांति बनाए रखने के लिए कदम उठाए जाएं।

अंतरराष्ट्रीय प्रतिक्रिया
इस हवाई हमले के बाद अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी प्रतिक्रियाएं आ रही हैं। संयुक्त राष्ट्र और अन्य वैश्विक शक्तियों ने इजरायल और हिज्बुल्लाह के बीच बढ़ते तनाव पर चिंता व्यक्त की है। संयुक्त राष्ट्र के महासचिव ने दोनों पक्षों से संयम बरतने और बातचीत के जरिए विवाद को सुलझाने की अपील की है।

संयुक्त राज्य अमेरिका ने इजरायल के आत्मरक्षा के अधिकार का समर्थन किया है, लेकिन साथ ही यह भी कहा है कि इस क्षेत्र में शांति बनाए रखना बेहद जरूरी है। वहीं, रूस और ईरान ने इस हवाई हमले की आलोचना की है और इसे लेबनान की संप्रभुता का उल्लंघन बताया है।

आगे की स्थिति
इजरायल और हिज्बुल्लाह के बीच बढ़ते तनाव के चलते क्षेत्र में स्थिति और अधिक जटिल हो गई है। आने वाले दिनों में दोनों पक्षों के बीच और हिंसा की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता। इजरायल ने स्पष्ट कर दिया है कि वह अपनी सुरक्षा के लिए आक्रामक रुख अपनाने के लिए तैयार है, जबकि हिज्बुल्लाह ने भी इजरायल के खिलाफ अपने संघर्ष को तेज करने की धमकी दी है।

यह स्थिति क्षेत्रीय शांति और स्थिरता के लिए गंभीर चुनौती बन सकती है, और इसे शांत करने के लिए अंतरराष्ट्रीय समुदाय को सक्रिय रूप से हस्तक्षेप करना पड़ सकता है।

Spread the love

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Author

vishwasprakashdigital@gmail.com

Related Posts

चीन चोंगकिंग भूस्खलन

चीन चोंगकिंग भूस्खलन: 8 की मौत, 34 लोग लापता, बचाव दल का अभियान जारी

चीन चोंगकिंग भूस्खलन ने दक्षिण-पश्चिम चीन के चोंगकिंग शहर में भारी तबाही मचाई है। सरकारी मीडिया के अनुसार इस दर्दनाक हादसे में...

Read out all
UPI ग्लोबल विस्तार

UPI ग्लोबल विस्तार: न्यूज़ीलैंड और इंडोनेशिया ने बढ़ाया भारत की डिजिटल भुगतान प्रणाली पर भरोसा

भारत की डिजिटल अर्थव्यवस्था लगातार नई ऊंचाइयों को छू रही है। इसी बीच, UPI ग्लोबल विस्तार दुनिया के कई देशों का ध्यान...

Read out all
ड्रोन हमले के बाद धुएं से घिरा रणनीतिक अंतरिक्ष संचार केंद्र, पृष्ठभूमि में युद्ध का माहौल और क्रीमिया में ईंधन संकट को दर्शाती यथार्थवादी समाचार शैली की तस्वीर।

रूस-यूक्रेन युद्ध | डूबना अंतरिक्ष केंद्र पर फिर ड्रोन हमला, क्रीमिया में गहराया ईंधन संकट

रूस-यूक्रेन युद्ध लगातार नए और गंभीर मोड़ ले रहा है। यूक्रेन ने रूस के संवेदनशील डूबना अंतरिक्ष संचार केंद्र पर एक और...

Read out all
पाकिस्तान और अफगानिस्तान की सीमा पर सैन्य वाहन, धुएं के गुबार, हेलीकॉप्टर और तनावपूर्ण माहौल को दर्शाती यथार्थवादी न्यूज़ इमेज, बिना किसी चैनल लोगो या वॉटरमार्क के।

पाकिस्तान-अफगानिस्तान सीमा संघर्ष | एयर स्ट्राइक के बाद बढ़ा तनाव, 36 नागरिकों की मौत

पाकिस्तान-अफगानिस्तान सीमा संघर्ष एक बार फिर सुर्खियों में है। सीमा पार हुई एयर स्ट्राइक और सैन्य कार्रवाई के बाद दोनों देशों के...

Read out all
NASA Rescue Mission में रोबोटिक स्पेसक्राफ्ट द्वारा स्विफ्ट स्पेस टेलीस्कोप को ऊंची कक्षा में ले जाने का सांकेतिक दृश्य।

NASA Rescue Mission | रोबोट की मदद से स्विफ्ट टेलीस्कोप को बचाएगा नासा

अंतरिक्ष विज्ञान में NASA Rescue Mission एक ऐतिहासिक कदम माना जा रहा है। नासा अपने 20 साल पुराने स्विफ्ट स्पेस टेलीस्कोप को...

Read out all