फिरौती मामलों में जांच को लेकर ऊना पुलिस पंजाब से 2 विचाराधीन कैदियों को लाई ऊना
“ऊना जिले में जबरन वसूली और अवैध गतिविधियों पर पुलिस की कार्रवाई“
ऊना के पुलिस अधीक्षक राकेश सिंह ने बताया कि जिले में व्यापारियों से जबरन वसूली के धमकी भरे फोन कॉल की घटनाओं की जांच के दौरान पुलिस ने अवैध खनन, मादक पदार्थ और जबरन वसूली में शामिल गिरोहों के बीच संबंधों का खुलासा किया है।
आज यहां पत्रकारों को संबोधित करते हुए उन्होंने बताया कि पुलिस ने चार अलग-अलग स्थानों पर संदिग्ध जबरन वसूली करने वालों के खिलाफ छापेमारी की और उनके पास से नशीले पदार्थ बरामद किए। पुलिस ने ऊना जिले के दो गैंगस्टरों, जो वर्तमान में पंजाब की विभिन्न जेलों में बंद हैं, को जबरन वसूली के मामले में पूछताछ के लिए ऊना लाया है।
गिरफ्तार किए गए आरोपी हरोली उपमंडल के बाथड़ी गांव निवासी मनी और ऊना उपमंडल के देहलां गांव निवासी राजीव कौशल को प्रोडक्शन वारंट पर ऊना लाया गया है। प्रारंभिक जांच में अवैध गतिविधियों में शामिल कुछ अन्य असामाजिक तत्वों के नाम सामने आए हैं। सूचना के आधार पर चार स्थानों पर छापेमारी की गई, जिनमें पंजाब में हत्या और जबरन वसूली के आरोपों का सामना कर रहे और जालंधर जेल में बंद राजीव कौशल के आवास भी शामिल हैं।
मनी, जो वर्तमान में रोपड़ जेल में बंद है, को ऊना लाकर उसके घर पर भी छापेमारी की गई। हरोली उपमंडल के सलोह गांव में एक अन्य संदिग्ध ढिल्लू के घर पर भी छापेमारी की गई, जहां से 357 ग्राम अफीम और 2 लाख रुपये नकद बरामद किए गए। पुलिस ने बताया कि ढिल्लू के खिलाफ मादक द्रव्य अधिनियम की धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है।
अन्य संदिग्धों की जांच गगरेट उपमंडल से संबंधित एक अन्य संदिग्ध के घर पर भी छापेमारी की गई, जो वर्ष 2013 में हत्या और लूटपाट में शामिल था। हिमाचल और पंजाब पुलिस के बीच गिरोहों के बारे में जानकारी साझा की गई है, जिसके आधार पर संदिग्धों और गिरोहों के बीच संबंध स्थापित किए जा रहे हैं।
एसपी राकेश सिंह ने बताया कि ऊना में हुई घटनाओं में गोल्डी बरार या लॉरेंस बिश्नोई जैसे खूंखार गैंगस्टरों के संरक्षण की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता। उन्होंने बताया कि पंजाब से प्रोडक्शन वारंट पर लाए गए दो विचाराधीन कैदियों को ऊना न्यायालय में पेश किया गया, जहां उन्हें 3 फरवरी तक पुलिस हिरासत में भेज दिया गया है।
आगे की कार्रवाई गैंगस्टर गतिविधियों में शामिल माने जाने वाले कुछ अन्य आरोपियों को पंजाब में भगोड़ा घोषित किया गया है और हिमाचल प्रदेश तथा पंजाब पुलिस बल उन्हें सजा दिलाने के लिए मिलकर काम कर रहे हैं। पुलिस अधीक्षक ने लोगों को सुरक्षा का भरोसा दिलाते हुए कहा कि पुलिस ऐसे गैरकानूनी कारोबार में संलिप्त लोगों की धरपकड़ कर उन्हें न्याय के कटघरे में लाएगी।
