उत्तराखंड: मुख्यमंत्री घोषणाओं और अन्य कार्यों की समीक्षा
“मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने हरिद्वार लोकसभा क्षेत्र की घोषणाओं और कार्यों की समीक्षा की“
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सचिवालय में हरिद्वार लोकसभा क्षेत्र के अंतर्गत आने वाली विधानसभाओं की मुख्यमंत्री घोषणाओं और अन्य कार्यों की गहन समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे विधायकगणों से नियमित संवाद स्थापित करें और उनकी प्राथमिकताओं वाले कार्यों में तेजी लाएं। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि यदि किसी कार्य में कोई समस्या आ रही हो तो संबंधित क्षेत्र के विधायक, सचिव और विभागाध्यक्ष मिलकर समाधान निकालें।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य की सभी 70 विधानसभाओं में की गई घोषणाओं और महत्वपूर्ण योजनाओं के सफल क्रियान्वयन के लिए शासन-प्रशासन और विधानसभा क्षेत्रों के बीच सेतु की भूमिका निभाने हेतु जल्द ही अपर सचिव स्तर के अधिकारियों को नोडल अधिकारी के रूप में नामित किया जाएगा। साथ ही, प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र में सांस्कृतिक परंपराओं और विरासत को उजागर करते हुए नवाचार करने की बात भी कही गई।
बैठक में मुख्यमंत्री ने निम्नलिखित बिंदुओं पर विशेष निर्देश दिए:
- हरिद्वार में जलभराव की समस्या: स्थायी समाधान हेतु विस्तृत योजना बनाई जाए और उसका सर्वे कर प्रस्ताव जल्द तैयार किया जाए।
- ऋषिकेश के त्रिवेणी घाट: यहां स्थायी जल व्यवस्था के लिए एक माह के भीतर डीपीआर (डिटेल्ड प्रोजेक्ट रिपोर्ट) तैयार की जाए।
- संजय झील: इसे पर्यटन केंद्र के रूप में विकसित करने की प्रक्रिया में तेजी लाई जाए।
- कांवड़ यात्रा: यात्रा के दौरान आवागमन और अन्य आवश्यक कार्यों में व्यवधान न हो, इसके लिए वैकल्पिक मार्गों की सुनियोजित योजना बनाई जाए।
- शहरी ड्रेनेज सिस्टम: इसे मजबूत करने पर विशेष ध्यान दिया जाए।
- पार्क निर्माण और सौंदर्यीकरण: शहरी क्षेत्रों में पार्कों के निर्माण व सौंदर्यीकरण को प्राथमिकता दी जाए।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे हर स्तर पर योजनाओं की प्रभावी मॉनिटरिंग करें और आमजन की समस्याओं के समाधान को प्राथमिकता दें।
