सोनभद्रः एनसीएल ने 139 मिलियन टन कोयला उत्पादन के साथ पर्यावरण संरक्षण में भी की बड़ी उपलब्धि: सीएमडी बी साईराम
“एनसीएल ने कोयला उत्पादन में रचा रिकॉर्ड, पर्यावरण संरक्षण में भी दिखाया संकल्प”
भारत सरकार की मिनीरत्ना कंपनी नॉर्दर्न कोल फील्ड्स लिमिटेड (एनसीएल) ने वित्त वर्ष 2024-25 में उल्लेखनीय उपलब्धि दर्ज की है। कंपनी ने इस दौरान 139 मिलियन टन कोयले का उत्पादन और लगभग 138 मिलियन टन कोयले का प्रेषण किया है, जो कि ऊर्जा क्षेत्र में उसकी मजबूत स्थिति को दर्शाता है।
एनसीएल के चेयरमैन एवं प्रबंध निदेशक बी साईराम ने मीडिया से बातचीत में बताया कि कंपनी की प्राथमिकता केवल कोयला उत्पादन तक सीमित नहीं है, बल्कि पर्यावरण संतुलन बनाए रखना और टिकाऊ विकास को बढ़ावा देना भी उनकी नीति का अभिन्न हिस्सा है।
उन्होंने बताया कि सौर ऊर्जा के माध्यम से कंपनी ने करीब 34 हजार टन कार्बन फुटप्रिंट में कमी हासिल की है। यह पर्यावरण संरक्षण की दिशा में कंपनी की प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
सीएमडी बी साईराम ने कहा, “एनसीएल का उद्देश्य सिर्फ ऊर्जा उत्पादन नहीं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के लिए स्थायी भविष्य सुनिश्चित करना भी है। हम पर्यावरणीय संतुलन और सामाजिक उत्तरदायित्व को हमेशा प्राथमिकता देते हैं।”
इस ऐतिहासिक प्रदर्शन से एनसीएल ने ना केवल अपनी औद्योगिक दक्षता को सिद्ध किया है, बल्कि हरित ऊर्जा और पर्यावरणीय स्थिरता में भी उदाहरण पेश किया है।