राष्ट्रपति ने 17 बच्चों को प्रदान किए प्रधानमंत्री राष्ट्रीय बाल पुरस्कार
“राष्ट्रपति ने 17 बच्चों को प्रदान किए प्रधानमंत्री राष्ट्रीय बाल पुरस्कार“
गुरुवार को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने राष्ट्रपति भवन सांस्कृतिक केंद्र में आयोजित एक भव्य समारोह में 14 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों से आए 17 बच्चों को उनकी असाधारण उपलब्धियों के लिए प्रधानमंत्री राष्ट्रीय बाल पुरस्कार प्रदान किए। इन बच्चों को सात अलग-अलग श्रेणियों में सम्मानित किया गया।
पुरस्कार विजेता: 7 लड़के और 10 लड़कियां
सम्मानित बच्चों में सात लड़के और दस लड़कियां शामिल थीं। सभी को एक पदक, प्रमाण पत्र और प्रशस्ति पत्र पुस्तिका प्रदान की गई। इस समारोह में सबसे कम उम्र के विजेता मास्टर अनीश सरकार थे, जो कोलकाता के निवासी हैं। मास्टर अनीश दुनिया के सबसे कम उम्र के विश्व रैंकिंग प्राप्त शतरंज खिलाड़ी बन गए हैं।
एक अन्य प्रेरणादायक कहानी हेमबती नाग की है, जो छत्तीसगढ़ के नक्सल प्रभावित क्षेत्र से हैं। 15 वर्षीय हेमबती ने अपने माता-पिता को खो दिया है, लेकिन तमाम मुश्किलों के बावजूद उन्होंने जूडो में राष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बनाई है।
राष्ट्रपति का संदेश
राष्ट्रपति ने सभी विजेताओं को बधाई देते हुए कहा कि उनकी उपलब्धियां पूरे देश और समाज के लिए गर्व का विषय हैं। उन्होंने बच्चों की असाधारण क्षमताओं और गुणों की प्रशंसा की और उन्हें देश के बच्चों के लिए प्रेरणा बताया।
उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि बच्चों को अवसर और प्रोत्साहन देना हमारी परंपरा का हिस्सा है, जिसे और मजबूत किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि वर्ष 2047 में जब भारत स्वतंत्रता की शताब्दी मनाएगा, तब ये बच्चे देश के प्रबुद्ध नागरिक और विकसित भारत के निर्माता होंगे।
वीर बाल दिवस पर विशेष संदर्भ
राष्ट्रपति ने इस अवसर पर वीर बाल दिवस का उल्लेख करते हुए साहिबजादों की स्मृति को नमन किया। उन्होंने कहा, “आप सभी ने जो असाधारण काम किए हैं, वे पूरे समाज के लिए गर्व का विषय हैं। आपने अपनी प्रतिभा और मेहनत से जो हासिल किया है, वह अतुलनीय है।”
इस कार्यक्रम ने न केवल बच्चों की अद्वितीय उपलब्धियों को मान्यता दी, बल्कि उन्हें एक प्रेरणा और प्रोत्साहन का माध्यम भी बनाया।
