स्वास्थ्य मंत्रालय ने शुरू किया हाई बीपी, डायबिटीज और कैंसर जांच का अभियान
“गंभीर बीमारियों की रोकथाम के लिए स्वास्थ्य मंत्रालय का विशेष जांच अभियान“
नई दिल्ली, 20 फरवरी: देश में हाई ब्लड प्रेशर (BP), डायबिटीज और कैंसर जैसी गंभीर गैर-संक्रामक बीमारियों (NCDs) के बढ़ते मामलों को देखते हुए स्वास्थ्य मंत्रालय ने 20 फरवरी से 31 मार्च तक एक विशेष जांच अभियान शुरू किया है। इस अभियान के तहत 30 वर्ष और उससे अधिक उम्र के सभी वयस्कों की मुफ्त जांच की जाएगी, जिससे बीमारियों का समय पर पता लगाया जा सके और सही इलाज सुनिश्चित किया जा सके।
स्वास्थ्यकर्मी करेंगे घर-घर जाकर जांच
स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार, इस अभियान का उद्देश्य डायबिटीज, हाई ब्लड प्रेशर और तीन प्रमुख प्रकार के कैंसर (मुंह, स्तन और सर्वाइकल कैंसर) की समय रहते पहचान करना है। इस अभियान के अंतर्गत:
- आशा (ASHA) कार्यकर्ता, एएनएम (ANM) और अन्य स्वास्थ्यकर्मी गांवों और शहरों में घर-घर जाकर लोगों की जांच करेंगे।
- आयुष्मान आरोग्य मंदिर (AAMs) और सरकारी स्वास्थ्य केंद्रों पर भी यह सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी ताकि अधिक से अधिक लोग इस योजना का लाभ उठा सकें।
बीमारियों की बढ़ती संख्या और सरकार की पहल
भारतीय चिकित्सा अनुसंधान परिषद (ICMR) की रिपोर्ट के अनुसार, देश में 66% मौतें गैर-संक्रामक बीमारियों के कारण हो रही हैं। इनमें हृदय रोग, डायबिटीज, कैंसर और श्वसन रोग जैसी बीमारियाँ शामिल हैं, जो 30 वर्ष से अधिक उम्र के लोगों में तेजी से बढ़ रही हैं।
इसलिए, इस अभियान का मुख्य उद्देश्य
✔ बीमारियों की जल्दी पहचान
✔ समय पर इलाज शुरू करना
✔ गंभीर स्वास्थ्य जटिलताओं को रोकना
साथ ही, राज्य सरकारों और केंद्र शासित प्रदेशों को निर्देश दिया गया है कि वे इस अभियान को प्रभावी ढंग से लागू करें और हर दिन शाम 6 बजे तक रिपोर्ट स्वास्थ्य मंत्रालय को भेजें।
स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत बनाने की पहल
स्वास्थ्य मंत्रालय ने इस अभियान को आयुष्मान भारत योजना के तहत रोगों की रोकथाम और बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं सुनिश्चित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया है। सरकार का लक्ष्य है कि भारत को NCD मुक्त और स्वस्थ देश बनाया जाए, जिससे हर नागरिक को समय पर और उच्च गुणवत्ता वाली स्वास्थ्य सेवाएं मिल सकें।
