भारतीय सेना को मिले 491 युवा अफसर, देश की रक्षा के लिए ली शपथ
“भारतीय सैन्य अकादमी (आईएमए) देहरादून में आयोजित भव्य पासिंग आउट परेड में 491 युवा”
भारतीय सैन्य अकादमी (आईएमए) देहरादून में आयोजित भव्य पासिंग आउट परेड में 491 युवा कैडेट्स ने अपने प्रशिक्षण का अंतिम चरण सफलतापूर्वक पूरा किया। इनमें से 456 कैडेट्स भारतीय थल सेना का हिस्सा बने, जबकि 35 कैडेट्स मित्र देशों की सेनाओं में सेवा देंगे। इस ऐतिहासिक परेड में नेपाल के सेना प्रमुख अशोक राज सिगडेल ने बतौर रिव्यूइंग ऑफिसर परेड की सलामी ली।
अकादमी के प्रतिष्ठित चेटवुड भवन के सामने आयोजित इस परेड में अनुशासन, समर्पण और सैन्य गौरव की अद्भुत झलक देखने को मिली। परेड में कैडेट्स के परिश्रम और उत्कृष्ट प्रदर्शन की सराहना की गई। इसके बाद आयोजित पीपिंग और शपथ ग्रहण समारोह में युवा अधिकारियों ने अपनी वर्दी पर स्टार चिह्न लगाए और भारत माता की रक्षा और सेवा की शपथ ली।
भारतीय सैन्य अकादमी का गौरवशाली इतिहास इसकी उत्कृष्टता को दर्शाता है। इस वर्ष के पासिंग आउट परेड के साथ अकादमी अब तक 66,119 सैन्य अधिकारी तैयार कर चुकी है, जिनमें 2,988 अधिकारी मित्र देशों की सेनाओं के हैं। यह अकादमी के विश्वस्तरीय सैन्य प्रशिक्षण और भारत के वैश्विक सहयोग की मिसाल है।
मित्र देशों के 35 कैडेट्स, जिनमें नेपाल, भूटान, श्रीलंका, मालदीव और तजाकिस्तान के युवा शामिल हैं, अपनी सेनाओं में शामिल होकर अपने-अपने देशों की सेवा करेंगे। इस अवसर पर सभी कैडेट्स ने भारतीय सेना के मूल्यों- कर्तव्य, सम्मान और साहस – के प्रति अपनी निष्ठा और समर्पण व्यक्त किया।
यह आयोजन केवल एक परेड नहीं था, बल्कि देश की सुरक्षा और शांति का प्रतीक भी था। युवा अधिकारियों के चेहरों पर आत्मविश्वास और मातृभूमि की सेवा का संकल्प साफ झलकता था। भारतीय सेना को मिले ये 456 युवा अधिकारी आने वाले समय में अपने साहस और परिश्रम से राष्ट्र की रक्षा और गौरव को नई ऊंचाइयों तक ले जाएंगे।
