CrimeNewsSports

पूर्व भारतीय कप्तान अजहरुद्दीन को ED का समन: राजीव गांधी स्टेडियम में 20 करोड़ की गड़बड़ी का आरोप

पूर्व भारतीय क्रिकेट कप्तान मोहम्मद अजहरुद्दीन को प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने एक महत्वपूर्ण जांच के सिलसिले में समन जारी किया है। उन पर आरोप है कि उन्होंने राजीव गांधी स्टेडियम के निर्माण में 20 करोड़ रुपये की गड़बड़ी की है। यह मामला उस समय सुर्खियों में आया जब राज्य सरकार ने स्टेडियम के निर्माण कार्य की वित्तीय जांच का आदेश दिया।

मामले की पृष्ठभूमि

राजीव गांधी अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम, हैदराबाद में स्थित, एक प्रमुख क्रिकेट स्थल है जो 2000 में स्थापित किया गया था। इस स्टेडियम में कई राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट मैच आयोजित किए गए हैं। बताया जा रहा है कि स्टेडियम के निर्माण में जो धनराशि खर्च की गई, उसमें वित्तीय अनियमितताएँ पाई गई हैं।

ED की जांच

ED ने पिछले कुछ महीनों में इस मामले की जांच शुरू की थी। एजेंसी ने कई दस्तावेजों और फाइलों की जांच की है, जिसमें स्टेडियम निर्माण के लिए आवंटित राशि और उसकी व्यय के रिकॉर्ड शामिल हैं। सूत्रों के अनुसार, एजेंसी को इस परियोजना में 20 करोड़ रुपये के गड़बड़ी के सबूत मिले हैं, जिसके बाद उन्होंने अजहरुद्दीन को समन जारी किया।

अजहरुद्दीन की प्रतिक्रिया

अजहरुद्दीन ने मीडिया से बात करते हुए कहा, “मैंने हमेशा क्रिकेट और खेल की दुनिया में ईमानदारी से काम किया है। इन आरोपों का कोई आधार नहीं है। मैं ED के समन का सम्मान करता हूँ और जांच में पूरा सहयोग दूंगा। मुझे विश्वास है कि सच्चाई सामने आएगी।”

खेल जगत में हलचल

इस खबर के बाद खेल जगत में हड़कंप मच गया है। क्रिकेट प्रेमी और प्रशंसक इस मामले पर अपनी नजरें गड़ाए हुए हैं। कई पूर्व क्रिकेटर और विशेषज्ञ भी इस पर अपनी राय व्यक्त कर रहे हैं। कुछ का मानना है कि यह मामला खेल में भ्रष्टाचार की गंभीरता को दर्शाता है, जबकि अन्य इसे अजहरुद्दीन की छवि को खराब करने का प्रयास मानते हैं।

आगे की कार्रवाई

ED ने इस मामले में आगे की जांच की प्रक्रिया शुरू कर दी है, जिसमें अजहरुद्दीन से पूछताछ की जाएगी। इसके साथ ही, अन्य अधिकारियों और संबंधित व्यक्तियों को भी बुलाया जा सकता है। एजेंसी की कार्रवाई के परिणामस्वरूप इस मामले में कई नए तथ्यों के उजागर होने की संभावना है।

Spread the love

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *